GANESH TEWARI 'NESH' (NASH) लिखित कथा

चक्षुर्यज्ञेन कल्पताम्

by GANESH TEWARI 'NESH' (NASH)
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यजुर्वेद सू्क्ति(13) की व्याठ्या"चक्षुर्यज्ञेन कल्पताम्"यजुर्वेद --11/84भावार्थ --हे ईश्वर ! हमारी दृष्टि पवित्र और सत्यदर्शी बने।मंत्रचक्षुर्यज्ञेन कल्पताम्।— यजुर्वेद 11.84भावार्थ:हे ईश्वर! ...

प्राणोयज्ञेन कल्पताम्

by GANESH TEWARI 'NESH' (NASH)
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यजुर्वेद सूक्ति (12) की व्याख्याप्राणोयज्ञेन कल्पताम्यजुर्वेद --11/8,4भावार्थ --हे ईश्वर! हमारे प्राण बलिष्ठ हों।वेदों में प्रमाण--"प्राणो यज्ञेन कल्पताम्" (यजुर्वेद 11.83) ...

आयुर्यज्ञेन कल्षताम्

by GANESH TEWARI 'NESH' (NASH)
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यजुर्वेद सूक्ति(11) की व्याख्या"आयुर्यज्ञेन कल्पताम्"यजुर्वेद--11/84भावार्थ--हे ईश्वर! हमारी आयु श्रेष्ठ बने। यजुर्वेद 11/84 (कुछ पाठ-परंपराओं में क्रमांकन भिन्न हो सकता ...

ऊर्जं नः धेहि

by GANESH TEWARI 'NESH' (NASH)
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यजुर्वेद सूक्ति (10) की व्याख्या"ऊर्जं नः धेहि"यजुर्वेद --11/83भावार्थ -- हे ईश्वर! हमें शक्ति प्रदान करें। पूरा मंत्र अर्थ सहित।यजुर्वेद ...

प्र प्र दातारं तारिष

by GANESH TEWARI 'NESH' (NASH)
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यजुर्वेद सूक्ति (9) की व्याख्या"प्र प्र दातारं तारिष"यजुर्वेद --11/83भावार्थ --हे ईश्वर ! अन्न देने वाले की रक्षा करो।पूरा मंत्र ...

अन्नस्य न: धेहि

by GANESH TEWARI 'NESH' (NASH)
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यजुर्वेद सूक्ति(8) की व्याख्य"अन्नस्य न‌: देहि"शुक्ल यजुर्वेद --11/83हे ईश्वर ! हमें उतम अन्न प्रदान करो। पूरा मंत्र अर्थ सहितशुक्ल ...

वयं राष्ट्रे जागृयाम्

by GANESH TEWARI 'NESH' (NASH)
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यजुर्वेद सूक्ति (7) की व्याख्या"वयं राष्ट्रे जागृयाम् पुरोहित:*यजुर्वेद --9/23भावार्थ--हम राष्ट्र की उन्नति और जागरूकता के लिए सदैव तत्पर रहें।जिस ...

अभय दान

by GANESH TEWARI 'NESH' (NASH)
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यजुर्वेद सूक्ति (6) की व्याख्या"मा अघशंसः°यजुर्वेद-- 1/1हे ईश्वर! दुष्ट मेरा अहगत न करें। पूरा मंत्र अर्थ सहितआपके द्वारा उद्धृत ...

ऊर्जा त्बा

by GANESH TEWARI 'NESH' (NASH)
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यजुर्वेद सूक्ति (5) की व्याख्या"इषे त्वा ऊर्जे त्वा"यजुर्वेद --1/1भावार्थ =-जीवन समृद्ध और शक्तिशाली बने। इसका पूरा मंत्र अर्थ सहितयजुर्वेद ...

परिमाग्ने

by GANESH TEWARI 'NESH' (NASH)
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यजुर्वेद सूक्ति (3) की व्याख्यापरिमाग्ने दुश्चरिताद बयजुर्वेद--4/28भावार्थ--हे ईश्वर!आप ह#में दुष्ट आचरण से बचाएँ।इसका पूरा मंत्र अर्थ सहितयजुर्वेद (शुक्ल यजुर्वेद) ...