फार्महाउस के बाहर बिजली अभी भी कडक रही थी, लेकिन कबीर मेहरा के भीतर जो तूफान उठ रहा था, ...
मेहरा मेंशन की उन आलीशान और ठंडी दीवारों के पीछे छिपे रहस्यों का सबसे भयावह अध्याय उस रात फार्महाउस ...
मेहरा मेंशन की रात की उस खामोश बातचीत के बाद, अगली सुबह का सूरज कुछ नई उलझनों के साथ ...
मेहरा मेंशन की सुबह आज कुछ ज्यादा ही भारी थी. सूरज की रोशनी खिडकियों से अंदर तो आ रही ...
रात के दो बज रहे थे जब कबीर की काली एसयूवी मेहरा मेंशन के भारी गेट को खोलती हुई ...
लखनऊ की नवाबी शाम अपनी पूरी रंगत में थी, पर कबीर मेहरा के लिए इस शहर की हर आवाज ...
मेहरा मेंशन की सुबह आज किसी भारी पत्थर की तरह उगी थी. सूरज की किरणें खिडकियों से छनकर अंदर ...
मेहरा मेंशन की सुबह आज कुछ ज्यादा ही हलचल भरी थी. गायत्री दादी अब बिना सहारे के हॉल तक ...
मेहरा मेंशन के लिविंग रूम में सन्नाटा इतना भारी था कि वहां खड़ी पुरानी घड़ी के पेंडुलम की आवाज ...
विक्रम के जेल जाने के बाद मेहरा मेंशन के गलियारों में सन्नाटा तो पसर गया था, पर वह सन्नाटा ...