Shwet Kumar Sinha लिखित कथा

सालगिरह

by Shwet Kumar Sinha
  • (2/5)
  • 6.9k

अभी थोड़ी देर हुए आंख लगी थी कि पतिदेव ने मुझे जगाया और मुस्कुराकर माथे को चूम लिया। शादी ...

आई. सी. यू.

by Shwet Kumar Sinha
  • (4.3/5)
  • 6.5k

रात्रि के तकरीबन ग्यारह बजे थे जब अस्पताल में उद्घोषणा हुई और मुझे आई सी यू में बुलाया गया। ...

ईमानदारी

by Shwet Kumar Sinha
  • (4.7/5)
  • 10.3k

“हैलो, मिस्टर रमण! मैं इंसपेक्टर मुकुल बोल रहा हूँ। क्या आप कोतवाली आ सकते हैं?”- फोन के दूसरी तरफ ...

वो फोन कॉल

by Shwet Kumar Sinha
  • (5/5)
  • 10k

अनुमंडल अधिकारी अपूर्व सक्सेना मीटिंग में थे जब उनका मोबाइल घनघनाया। कॉल किसी अनजान नंबर से था। कई बार ...

एक सफर ऐसा भी...

by Shwet Kumar Sinha
  • (4/5)
  • 12.6k

बात करीब बीस वर्ष पुरानी है। मैं अपने माता–पिता और छोटी बहन के साथ लोकल ट्रेन पकड़ दूसरे शहर ...

संतुष्टि

by Shwet Kumar Sinha
  • (5/5)
  • 11.2k

एक ढलती शाम। आती-जाती मोटरगाड़ियों व पैदल चलते लोगों के कोलाहल के बीच वह सड़क के किनारे खड़ी अपना ...

कुंडी रिश्तों की

by Shwet Kumar Sinha
  • (5/5)
  • 8.9k

फैमिली कोर्ट में जज साहब अपने चैम्बर में बैठे आरव और वर्षा की दलीलें ध्यान से सुन रहे थें। ...

दो समधी

by Shwet Kumar Sinha
  • (3.7/5)
  • 12.8k

घर नजदीक होने के कारण सप्ताहांत में मैं लोकल बस पकड़कर घर चला जाया करता था । इस शनिवार ...

सेवानिवृति

by Shwet Kumar Sinha
  • (4.5/5)
  • 8.5k

आज ऑफिस में सारे स्टाफ की निगाहें बाहर आने-जाने वालों पर टिकी थी। वजह, सुबह से एक-एक करके वहां ...

प्रवेश परीक्षा

by Shwet Kumar Sinha
  • (5/5)
  • 8.9k

प्राचीनतम नालंदा विश्वविद्यालय की प्रवेश परीक्षा विश्व की कठिनतम परीक्षाओ में से एक मानी जाती थी। मेरा निवास स्थान ...